रायबरेली। भारत निर्वाचन आयोग द्वारा विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण कार्यक्रम में संशोधन किया गया है। यह पुनरीक्षण अर्हता तिथि 01 जनवरी 2026 के आधार पर किया जा रहा है। उप जिला निर्वाचन अधिकारी सिद्धार्थ ने जानकारी देते हुए बताया कि आयोग के संशोधित कार्यक्रम के अनुसार मतदाता सूची का प्रारंभिक प्रकाशन 06 जनवरी 2026 को किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने, संशोधन कराने अथवा आपत्ति दर्ज कराने की अवधि 06 जनवरी 2026 से 06 फरवरी 2026 तक निर्धारित की गई है। इस दौरान दावे एवं आपत्तियों का निस्तारण, नोटिस जारी करना, सुनवाई और सत्यापन की प्रक्रिया निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों द्वारा 27 फरवरी 2026 तक पूरी की जाएगी।
इसके उपरांत मतदाता सूचियों के स्वास्थ्य मानकों की जांच कर आयोग से अनुमति प्राप्त करने की प्रक्रिया 03 मार्च 2026 तक संपन्न की जाएगी। संशोधित कार्यक्रम के अनुसार मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन 06 मार्च 2026 को किया जाएगा।
उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग ने निर्देश दिए हैं कि विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अवधि के दौरान निर्वाचन से जुड़े किसी भी अधिकारी का पद रिक्त नहीं रहेगा तथा बिना आयोग की पूर्व अनुमति के संबंधित अधिकारियों का स्थानांतरण नहीं किया जाएगा। आयोग का उद्देश्य त्रुटिरहित और पारदर्शी मतदाता सूची तैयार करना है।
मतदाता सूची विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण का संशोधित कार्यक्रम जारी, अंतिम प्रकाशन 06 मार्च 2026 को
