रायबरेली एनपीआर नेटवर्क। रायबरेली के प्रथम सांसद एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री भारत सरकार स्वर्गीय बैजनाथ कुरील ‘बाबू’ की 105वीं जयंती सोमवार को सामाजिक एकता कार्यक्रम के रूप में मनाई गई। इस अवसर पर उनके अनुयायियों द्वारा फल एवं मिष्ठान वितरण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई। कार्यक्रम का आयोजन संत शिरोमणि गुरु रविदास मंदिर/रैदास आश्रम सामुदायिक केंद्र रायबरेली के संयोजन में स्वर्गीय बैजनाथ कुरील एवं रामदुलारे स्मृति सेवा संस्थान रायबरेली तथा विश्व दलित परिषद उत्तर प्रदेश के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। सुपर मार्केट स्थित पुलिस चौकी के पास लगी स्वर्गीय बैजनाथ कुरील की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर सामाजिक एवं वैचारिक संगोष्ठी का आयोजन किया गया।कार्यक्रम की अध्यक्षता सामाजिक कार्यकर्ता एडवोकेट राम सेवक चौधरी ने की, जबकि संचालन बहुजन नेता राजेश कुरील ने किया। मुख्य अतिथि पूर्व आईईएस कर्नल कमलेश चंद्रा ने कहा कि स्वर्गीय बैजनाथ कुरील ने बाबासाहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर के साथ कार्य करते हुए गरीब, वंचित, दलित एवं भूमिहीन वर्ग के अधिकारों के लिए आजीवन संघर्ष किया और 1952 से 25 वर्षों तक संसद में उनकी प्रभावी आवाज बने रहे।कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश स्वास्थ्य विभाग के विशेष सचिव नरेंद्र कुमार सहित अनेक सामाजिक कार्यकर्ता, बुद्धिजीवी एवं सैकड़ों बहुजन समाज के लोगों ने पुष्पांजलि अर्पित कर उनके विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया।
रायबरेली के प्रथम सांसद बैजनाथ कुरील ‘बाबू’ की 105वीं जयंती पर सामाजिक एकता कार्यक्रम, फल-मिष्ठान वितरण
