रायबरेली (एनपीआर नेटवर्क)। जनपद के ग्रामीण क्षेत्रों में ओवरलोड डंपरों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। गदागंज से दीन शाह गौरा को जोड़ने वाली महत्वपूर्ण सड़क पर भारी वाहनों का अत्यधिक दबाव इतना बढ़ गया है कि पूरा मार्ग गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो चुका है। सड़क की हालत ऐसी है कि इस पर यात्रा करने वाले आम लोगों की जान हर पल जोखिम में बनी हुई है।सड़क पर पड़े गहरे गड्ढों के कारण आए दिन दोपहिया वाहन चालक फिसलकर दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं, जबकि चारपहिया वाहन क्षतिग्रस्त होने की कगार पर पहुँच चुके हैं। ग्रामीणों ने बताया कि ओवरलोड डंपरों की अनियंत्रित आवाजाही ने सड़क को पूरी तरह खड्डों में तब्दील कर दिया है, जिससे हालात लगातार बिगड़ रहे हैं।ग्रामीणों के अनुसार बीती रात दो डंपर सड़क पर बने गहरे गड्ढे में फँसकर अनियंत्रित हो गए, इसी दौरान सड़क किनारे स्थित एक बिजली का खंभा भी टूट गया। गनीमत रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ, अन्यथा क्षेत्र में गम्भीर दुर्घटना हो सकती थी।जर्जर सड़क ने स्कूली बच्चों की सुरक्षा को भी बड़ा खतरा पैदा कर दिया है। कई बार स्कूल वैन और ऑटो गड्ढों में फँसकर क्षतिग्रस्त हो चुके हैं, जिससे अभिभावकों में भय और चिंता बढ़ती जा रही है।ग्रामीणों ने बताया कि क्षेत्र की यह समस्या कई बार संबंधित विभागों को बताई गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उनका कहना है कि क्षेत्र के जनप्रतिनिधि सांसद राहुल गांधी और विधायक मनोज कुमार पांडेय की मौजूदगी के बावजूद सड़क मरम्मत कार्य शुरू न होना बेहद निराशाजनक है, जिसके कारण जनता में नाराजगी बढ़ती जा रही है।ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही ओवरलोड डंपरों पर रोक नहीं लगी और सड़क के पुनर्निर्माण की प्रक्रिया शुरू नहीं हुई, तो वे आंदोलन का रास्ता अपनाने को मजबूर होंगे। उनकी मांग है कि सड़क का तत्काल नवीनीकरण कराया जाए और भारी वाहनों पर कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि दुर्घटनाओं के खतरे को समाप्त किया जा सके।
गदागंज–दीन शाह गौरा मार्ग पर ओवरलोड डंपरों का आतंक; सड़क जर्जर, ग्रामीणों में बढ़ा आक्रोश
